उदयपुर में युवक की हत्या, आगजनी, तीन मकान फूंके, पुलिस बल तैनात, एक दर्जन से अधिक परिवार घर छोड़कर भागे

 
Youth killed, arson, three houses burnt in Udaipur, police force deployed, more than a dozen families ran away from home

उदयपुर। जिले के बाघपुरा थाना क्षेत्र के मादड़ी गांव में एक युवक की हत्या के बाद सोमवार सुबह मृतक के परिजनों एवं ग्रामीणों ने आरोपित और उसके रिश्तेदारों के तीन मकान फूंक दिए (After the murder of the youth, on Monday morning, the relatives of the deceased and the villagers burnt three houses of the accused and his relatives.)। हमले की इस घटना के बाद एक दर्जन से अधिक परिवार अपने घरों को छोड़कर भाग निकले। जिसके बाद आरोपितों के गांव में भारी संख्या में पुलिस बल तैनात कर दिया गया।

जानकारी के अनुसार उदयपुर जिले के बाघपुरा थाना क्षेत्र के मादड़ी गांव में रविवार शाम 22 वर्षीय चंद्रप्रकाश उर्फ चंदू पादरिया पुत्र बंशीलाल की दो युवकों ने मामूली कहासुनी के बाद तलवार और चाकू से हमला कर दिया था। जिसके बाद हमलावर चंदू को मरा समझकर फरार हो गए थे। चंदू के परिजन उसे अस्पताल ले जाने की बजाय थाने ले आए तथा हत्या का मामला दर्ज कर कार्रवाई की मांग करने लगे।

थानाधिकारी प्रवीण जुगतावत ने जब चंदू को देखा तो उसकी धड़कन चल रही थी और उसे तत्काल मादगी गांव के अस्पताल लेकर पहुंचें। जहां प्राथमिक उपचार के बाद उसे उदयपुर के लिए रेफर कर दिया गया। उदयपुर लाते समय चंदू ने दम तोड़ दिया। सोमवार सुबह उसका शव गांव ले जाया गया लेकिन उसके परिजनों ने पोस्टमार्टम कराए जाने की बजाय आरोपित होमाराम पुत्र हकरा तथा उसके परिजनों के बलोलिया गांव मकानों पर धावा बोल दिया।

उन्होंने आरोपित तथा उसके रिश्तेदारों के तीन मकानों को आग लगा दी तथा एक मकान में जमकर लूटपाट की। मृतक पक्ष के लोगों ने आरोपितों के घर पर धावे की जानकारी मिलते ही आरोपित पक्ष के एक दर्जन से अधिक परिवार अपने घरों को छोड़कर भाग निकले। आगजनी की घटना की सूचना पर बाघपुरा के अलावा झाड़ोल तथा पारनवा थाने से पुलिस बल भेजा गया। उन्होंने उग्र लोगों से समझाइश का प्रयास किया लेकिन वह माने नहीं, जिस पर उदयपुर से अतिरिक्त जाब्ता मंगवाया गया।

कुछ घंटों में ही आरोपितों के गांव में भारी पुलिस बल तैनात कर दिया गया। सोमवार शाम तक समझाइश का दौर जारी रहा। सात घंटे तक चली वार्ता के बाद मृतक के परिजन माने तब जाकर शव का पोस्टमार्टम कराया जा सका। पुलिस की मौजूदगी में मृतक का अंतिम संस्कार किया गया। इस बीच बलोलिया गांव में भारी पुलिस बल तैनात है, पुलिस और प्रशासन के प्रयासों के बाद भी हत्या के आरोपित और उसके रिश्तेदार अभी तक अपने घरों में नहीं लौटे।