टोंक ACB की टीम ने ASI को 5 हजार रूपये की रिश्वत लेते किया गिरफतार

 
एएसआई सत्यनारायण मीणा
 - मुकदमे में कार्यवाही के लिए मांगे 15 हजार

टोंक, (शिवराज मीना)। भ्रष्टाचार निरोधक ब्यूरों  (ACB) टोंक की टीम ने जिले के देवली थाने में तैनात एएसआई (ASI) सत्यनारायण मीणा को 5 हजार रुपए की रिश्वत लेते रंगे हाथों गिरफ्तार किया है। रिश्वत की यह राशि परिवादी की और से दर्ज मामले में कार्रवाई करने के एवज में मांगी थी। 

भ्रष्टाचार निरोधक ब्यूरो के अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक आहद खान ने बताया कि प्रकरण को लेकर चेतन प्रकाश रेगर निवासी प्रताप कॉलोनी देवली ने एसीबी में शिकायत दी थी। जिसमें परिवादी ने बताया कि उसने गत 27 अक्टूबर को देवली थाने में एक प्रकरण दर्ज कराया। उक्त प्रकरण के अनुसार पीड़ित के घर पर पूर्व सरपंच सहित कुछ लोगों ने मारपीट व तोड़फोड़ की थी। मामले में अनुसंधान अधिकारी, एएसआई सत्यनारायण मीणा कार्रवाई नहीं कर रहे थे। वही कार्रवाई की एवज में 15 हजार रुपए की मांग की। इसमें पीड़ित ने घूसखोर एएसआई को 10 हजार रुपए पूर्व में दे दिए। जबकि इसके बावजूद 5 हजार रुपए की ओर मांग कर रहा था।

भ्रष्टाचार निरोधक ब्यूरो ने शिकायत का सत्यापन किया गया। सत्यापन में शिकायत सही मिलने पर एसीबी ने ट्रेप जाल बिछाकर बुधवार शाम परिवादी को रोडवेज बस स्टैंड परिसर में एएसआई को रिश्वत की राशि देने भेजा, जहां आरोपी ने परिवादी से रिश्वत की रकम जैसे ही ली, इधार तैयार खड़ी एसीबी टीम ने इशारा पाते ही  एएसआई को पकड़ लिया। जेब तलाश की तो उसमें रिश्वत की राशि मिल गई। घूसखोर एएसआई के पकड़े जाने के बाद थाने में हड़कंप मच गया।

उक्त कार्रवाई में सहायक उपनिरीक्षक नरेंद्र सिंह, हैडकांस्टेबल मोहम्मद जुनेद सहित शामिल थे। कार्रवाई के बाद एसीबी की टीम आरोपी एएसआई को अपने साथ ले गई। साथ ही प्रकरण से जुड़ी पत्रावलीया अपने कब्जे में ले ली। मामले में अनुसंधान जारी है।