दिल्ली पहुंचे पायलट-सीएम गहलोत, प्रियंका गांधी व केसी वेणुगोपाल से मिले, मंत्रिमंडल विस्तार जल्द होने के संकेत

मंत्रिमंडल विस्तार कभी भी हो सकता है - राजस्थान कांग्रेस प्रभारी अजय माकन
 
पायलट-सीएम गहलोत, प्रियंका गांधी व केसी वेणुगोपाल से मिले

नई दिल्ली/जयपुर। राजस्थान में करीब एक साल से लंबित मंत्रिमंडल विस्तार जल्द होने की संभावना है। राजस्थान कांग्रेस के पूर्व अध्यक्ष सचिन पायलट की बुधवार सुबह दिल्ली में पार्टी के संगठन महासचिव केसी वेणुगोपाल से मुलाकात के बाद इसकी संभावना और बढ़ गई। वहीं देर शाम राजस्थान के मुख्यमंत्री अशोक गहलोत ने भी प्रियंका गांधी और केसी वेणुगोपाल से मुलाकात की और इस दौरान प्रदेश में मंत्रिमंडल विस्तार, राजनेतिक नियुक्तियों व आगामी 2023 के चुनाव में सत्ता हासिल करने और हालिया उपचुनाव को लेकर भी चर्चा हुई। गौरतलब है कि पिछले साल अशोक गहलोत से नाराज होकर सचिन पायलट ने अपने समर्थक विधायको के साथ पार्टी से बगावत कर दी थी।

पार्टी से बागी हुए पायलट को मानने के लिए एक सुलह का फॉर्मूला तैयार किया गया था। इसमें पायलट खेमे के विधायकों को मंत्रिमंडल में जगह दी जानी थी, लेकिन हर बार कैबिनेट विस्तार का मामला टलता रहा।

वहीं बुधवार सुबह दिल्ली में पहले सचिन पायलट वेणुगोपाल से मिलें और देर शाम मुख्यमंत्री अशोक गहलोत की कांग्रेस महासचिव प्रियंका गांधी और संगठन महासचिव के सी वेणुगोपाल के साथ मीटिंग हुई। पिछले साल भी जब विवाद हुआ था प्रियंका गांधी ने ही सचिन पायलट को मनाया था। सूत्रों ने बताया कि बुधवार को संगठन महासचिव के साथ हुई बैठक में सचिन पायलट ने अपनी मांग दोहराते हुए जल्द से जल्द मंत्रिमंडल विस्तार और खाली मंत्री पद भरे जाने की बात की।

सूत्रों के अनुसार केसी वेणुगोपाल के साथ मीटिंग के दौरान पायलट ने बोला कि निगम और बोर्ड में खाली पड़े पद भी भरे जाएं और पार्टी के कार्यकर्त्ता को जगह मिले और खेमे के करीबियों को भी मंत्रिमंडल में जगह मिले। राजस्थान उप चुनाव में जिस तरह से कांग्रेस की दोनों सीट पर जीत दर्ज हुई थी उससे ये माना जा रहा है कि आने वाले दिनों में होने वाले मंत्रिमंडल विस्तार में प्रदेश के मुख्यमंत्री अशोक गहलोत की ही चलेगी। सूत्रों की मानें तो उपचुनाव में मिली जीत के बाद पार्टी मुख्यमंत्री अशोक गहलोत को मंत्रिमंडल चयन में फ्री हेंड दे सकती है। सचिन पायलट भी अपनी मांगों पर अड़े हुए हैं। ऐसे में राजस्थान में सियासी छींचतान फिर बढ़ सकती है।

राहुल गांधी के आवास पर बैठक के बाद राजस्थान कांग्रेस प्रभारी अजय माकन ने मीडिया से बातचीत में कहा- मंत्रिमंडल विस्तार कभी भी हो सकता है। मंत्रिमंडल, 2023 विधानसभा चुनाव समेत कई मुद्दों पर चर्चा हुई है। माकन ने कहा आगे का रोडमैप क्या हो इस पर चर्चा की है। हम किस प्रकार 2023 में फिर से सत्ता में वापसी कर सकते हैं? उपचुनावों में कांग्रेस के अच्छे प्रदर्शन पर बात हुई हैं। बहुत सी बातों में कंफ्यूजन दूर हुआ है।

राजस्थान को लेकर दिल्ली में कल भी बैठकों का दौर जारी रहने की संभावना है। अशोक गहलोत की कांग्रेस अध्यक्ष सोनिया गांधी से मुलाकात भी होनी है। बताया जाता है कि सोनिया गांधी से मुलाकात के बाद ही मंत्रिमंडल विस्तार पर फाइनल फैसला होगा।