गहलोत सरकार के मंत्री का बड़ा दावा, राज्यसभा चुनाव में वोट देने के लिए ऑफर हुए 25 करोड़ रुपये

 
Minister of Gehlot government's big claim, Rs 25 crore was offered to vote in Rajya Sabha elections

जयपुर। राजस्थान के अशोक गहलोत सरकार में सैनिक कल्याण राज्य मंत्री राजेंद्र सिंह गुढ़ा (Rajendra Singh Gudha, Minister of State for Sainik Welfare in the Ashok Gehlot government of Rajasthan) ने दावा किया है कि बीते राज्यसभा चुनावों में उन्हें एक उम्मीदवार को वोट देने के लिए 25 करोड़ रुपए की पेशकश की गई थी। बहुजन समाज पार्टी (BSP) से कांग्रेस में आए विधायक राजेंद्र गुढ़ा के इस दावे ने सियासी गलियारे में तूफान ला दिया है। गुढ़ा ने एक और दावा करते हुए कहा कि 2020 में मुख्यमंत्री अशोक गहलोत के खिलाफ विद्रोह के दौरान भी उन्हें इसी तरह 60 करोड़ रुपए का ऑफर मिला था।

झुंझुनू में सोमवार एक निजी स्कूल के कार्यक्रम को संबोधित करते हुए गुढ़ा ने यह चौंकाने वाले खुलासे किए। हालांकि, उन्होंने किसी भी पार्टी या व्यक्ति का नाम नहीं लिया और कहा कि उन्होंने दोनों प्रस्तावों को ठुकरा दिया।

जानकारी के अनुसार, स्कूल के एक छात्र का भ्रष्टाचार पर सवाल का जवाब देते हुए गुढ़ा ने कहा, पिछले राज्यसभा चुनाव में एक व्यक्ति को वोट देने के लिए मुझे 25 करोड़ का प्रस्ताव मिला था। फिर मैंने अपनी पत्नी से पूछा तो उन्होंने कहा कि हमें रुपए नहीं प्रतिष्ठा अधिक प्यारी है। इस दौरान राजेंद्र गुढ़ा ने तत्कालीन उपमुख्यमंत्री सचिन पायलट द्वारा गहलोत सरकार के खिलाफ बगावत का भी जिक्र किया। 

गौरतलब है कि राजेंद्र गुढ़ा उन छह विधायकों में से एक हैं, जिन्होंने 2018 के विधानसभा चुनाव में बसपा उम्मीदवार के रूप में जीत हासिल की लेकिन 2019 में कांग्रेस में शामिल हो गए। 

नवंबर 2021 में कैबिनेट विस्तार के दौरान पूर्व सैनिकों के कल्याण के लिए गुढ़ा को सैनिक कल्याण राज्य मंत्री बनाया गया था। इस दौरान राजय्थान के मुख्यमंत्री कई बार भाजपा पर विधायकों को करोड़ों रुपये की पेशकश कर उनकी सरकार को अस्थिर करने का आरोप लगाया है। इस साल जून में चार सीटों के लिए हुए राज्यसभा चुनाव में बीजेपी ने निर्दलीय उम्मीदवार और मीडिया कारोबारी सुभाष चंद्रा का समर्थन किया था। हालांकि, सुभाष चंद्रा हार गए और राज्यसभा चुनाव में सत्तारूढ़ कांग्रेस के तीन और भाजपा के एक उम्मीदवार ने जीत दर्ज की।